उनके अपने शब्दों में · सीखना
“मैं लगातार ऐसे लोगों को ज़िंदगी में आगे बढ़ते देखता हूँ जो सबसे होशियार नहीं होते, कभी-कभी सबसे मेहनती भी नहीं, पर वे सीखने की मशीन होते हैं। हर रात वे सुबह उठने के मुक़ाबले थोड़े ज़्यादा समझदार होकर सोने जाते हैं, और भई, इससे बहुत मदद मिलती है, ख़ासकर जब आपके आगे लंबा सफ़र पड़ा हो।”
— चार्ली मंगर · 2007 यूएससी लॉ स्कूल दीक्षांत भाषण · 2007
सत्यापित। स्रोत: 2007 यूएससी लॉ स्कूल दीक्षांत भाषण · 2007।